पटियाला। एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) में लगातार हो रही बढ़ोतरी ने एक बार फिर से राज्य में चिंता की स्थिति पैदा कर दी है। राज्य के लुधियाना और रोपड़ को छोड़ अन्य सभी शहरों का एक्यूआइ का स्तर 200 का आंकड़ा का पार कर चुका है। वहीं मालवा बेल्ट में यह आंकड़ा तीन सौ के पार है। वायु प्रदूषण के मामले में मंगलवार को बठिंडा राज्य में पहले और शाही शहर पटियाला दूसरे स्थान पर रहे। बठिंडा और पटियाला में एयर क्वालिटी इंडेक्स क्रमशः 359 और 313 दर्ज किया गया। पीपीसीबी अधिकारियों अनुसार प्रदूषण बढऩे का मुख्य कारण पंजाब में किसानों द्वारा पराली को आग लगाया जाना है और यह क्रम दीवाली के बाद से लगातार जारी है।
केवल दो दिन दिखा प्रशासन की सख्ती का असर
नवंंबर में पराली जलाने वाले किसानों खिलाफ प्रशासन की सख्ती का असर केवल दो दिन ही दिखा। पीपीसीबी के आंकड़ों के अनुसार सख्ती के बाद पराली जलाने के मामलों में केवल सात और आठ नवम्बर को ही कमी आई। दोनों दिन पूरे राज्य में पराली जलाने के क्रमश 170 और 355 मामले ही सामने आए। इसके बाद नौ नवंबर यह संख्या बढ़कर 2035 और दस नवंबर को 2145 तक पहुंच गए।




































































