
नई दिल्ली। रूस-यूक्रेन जंग और हाल ही में दिल्ली के जहांगीरपुरी में हुई हिंसा के बाद टीवी चैनलों की कवरेज पर सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ने कड़ी आपत्ति जताई है। मंत्रालय ने कहा कि कुछ चैनल इन घटनाओं को सामाजिक रूप से अस्वीकार्य भाषा, भ्रामक और सनसनीखेज ढंग से प्रसारित कर रहे हैं। मंत्रालय ने चेतावनी देते हुए कहा, यदि आवश्यक समझा जाएगा तो इन चैनलों या कार्यक्रम के प्रसारण को प्रतिबंधित भी किया जा सकता है।
दरअसल, यूक्रेन पर रूसी आक्रमण और जहांगीरपुरी हिंसा के बाद कई चैनलों ने अपनी कवरेज में ऐसी भाषा का प्रयोग किया, जिससे सामाजिक समीकरण बिगड़ने की आशंका है। ऐसे में मंत्रालय ने अपनी एडवाइजरी में कहा कि कुछ चैनल घटनाओं को इस तरह से कवर कर रहे हैं जो अप्रमाणिक, भ्रामक, सनसनीखेज और सामाजिक रूप से अस्वीकार्य भाषा और टिप्पणियों का उपयोग करने वाला प्रतीत होता है।
यूक्रेन संघर्ष के बारे में झूठे दावे कर रहे चैनल
मंत्रालय ने कहा, कुछ चैनल यूक्रेन संघर्ष के बारे में झूठे दावे कर रहे हैं। वह इसकी कवरेज करते समय ऐसी हेडलाइन व टैगलाइन का प्रयोग कर रहे हैं, जिससे शालीनता भंग हो रही है। मंत्रालय ने आरोप लगाया, कई चैनलों की जहांगीरपुरी हिंसा कवरेज से सांप्रदायिक तनाव बढ़ गया है।
भड़काऊ वीडियो और फोटो दिखा रहे चैनल
मंत्रालय की ओर से जारी की गई एडवाइजरी में कहा गया कि चैनल ऐसे भड़काऊ वीडियो और फोटो दिखा रहे हैं, जो दो समुदायों के बीच सांप्रदायिक नफरत को बढ़ा सकती है और शांति व्यवस्था को बाधित कर सकती है।



































































