
दिल्ली के निजामुद्दीन इलाके में मरकज में आयोजित की गई तबलीगी जमात धार्मिक सभा के बाद सामने आए कोरोना वायरस के मामलों ने पूरे देश हड़कंप मचा दिया है। हालांकि इस सभा में शामिल होने के बाद मध्यप्रदेश लौटकर आए 82 लोगों की पहचान कर ली गई है। इन सभी को पृथक कर दिया गया है।और इन्हें फ़िलहाल क्वारंटीन कर दिया गया है ये सभी दिल्ली के निज़ामुद्दीन मारकज़ी में शामिल होने गए थे ।
मरकज से गया था कोरोना का मरीज
दक्षिण-पूर्व जिले के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि अंडमान निकोबार का पहला कोरोना संक्रमित 21 व 22 मार्च या उससे पहले मरकज में ठहरा था। वह दिल्ली समेत देश में आठ जगहों पर ठहरा था। इसके बाद दिल्ली पुलिस अलर्ट हुई थी। निजामुद्दीन थाना पुलिस ने मरकज के आयोजकों को बुलाया था और सामाजिक दूरी बनाने के लिए कहा था।
पुलिस के पास इस बैठक की वीडियो है। इसके बाद दिल्ली पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों ने प्रशासन, डीएम व एसडीएम को जानकारी दी थी। पुलिस का कहना है कि एसडीएम ने शुरू में फोन नहीं उठाया था। 25 मार्च को यहां डब्ल्यूएचओ की टीम आई थी और क्वारंटीन करने की बात कहकर चली गई थी।



































































